अंतरिक्ष में रचा इतिहास, अमेरिका ने स्पेस-एक्स के साथ अंतरिक्ष में यात्री भेजे

रविवार को अमरीका की अंतरिक्ष ऐजंसी नासा ने एक निजी कम्पनी स्पेसएक्स (SpaceX) के साथ मिल कर इतिहास रच दिया है. अमेरिका ने 9 साल में पहली बार अपनी धरती से स्पेस में यात्री भेजे हैं. अंतरिक्ष यात्री के रूप में नासा के एस्ट्रोनॉट बॉब बेनकेन और डग हर्ली हैं. ये नासा के एस्ट्रोनॉट कॉर्प्स के सबसे ज़्यादा अनुभवी लोग हैं और ये दोनों ही स्पेस शटल के ज़रिए दो-दो बार अंतरिक्ष में जा चुके हैं. इनका चयन साल 2000 में किया गया था. 21 जुलाई 2011 के बाद पहली बार अमेरिकी धरती से कोई मानव मिशन अंतरिक्ष में भेजा गया है.

ये दोनों इंटेरनेशनल स्पेस सेंटर ISS तक की यात्रा तय करेंगे. इस जोड़ी के लिए यह सफ़र 19 घंटे का है. स्पेस स्टेशन पहुंचने के दौरान ये स्वायत्त डॉकिंग सिस्टम पर निगरानी रखेंगे. इसके बाद ये आईएसएस क्रू के सदस्य बन जाएंगे.

अमेरिकी समय के मुताबिक दोपहर 3 बजकर 22 मिनट पर रॉकेट फ़ाल्कन नाइन (Falcon 9) को लॉन्च किया गया. इस अभियान को NASA ने एलेन मस्क की कम्पनी SpaceX के साथ मिलकर किया है.इस कम्पनी की स्थापन साल 2002 में की गई थी जिसका उद्देश्य अन्तरिक्ष यात्रा के खर्चे को कम करना था.

इससे पहले कोशिश बुधवार को की गई थी लेकिन ख़राब मौसम के कारण उस दिन आख़िरी पलों में इस मिशन को टाल दिया गया था.

साल 2011 के बाद से NASA ने अमेरिका से अंतरिक्ष में लॉंचिंग के लिए अपने राकेट भेजना बंद कर दिया था. हालांकि, इसके बाद इसके बाद अमेरिकी स्पेसक्राफ्टरूस के रॉकेटों से भेजे जाने लगे. लेकिन रूसी रॉकेट से लॉन्चिंग का खर्च लगातार बढ़ रहा था, ऐसे में अमेरिका ने स्पेसएक्स को बड़ी आर्थिक मदद देकर अंतरिक्ष मिशन के लिए मंजूरी दी. इस कंपनी ने 2012 में पहली बार अंतरिक्ष में अपना कैप्सूल भेजा. यह कंपनी आईएसएस पर नियमित रूप से कार्गो भेजती रही है और अब वह एस्ट्रोनाॉट्स को लॉन्च कर रही है. मस्क की कंपनी स्टारशिप नाम से बड़े स्पेसक्राफ्ट भी विकसित कर रही है जिन्हें मंगल पर इंसानों की बस्तियां तैयार करने में इस्तेमाल किया जाएगा.

नासा के प्रशासक जिम ब्राइडेनस्टीन ने ट्वीट करते हुए बताया, ‘9 साल में पहली बार अब हमने अमेरिकी अंतरिक्ष यात्रियों को अमेरिकी रॉकेट के जरिए अमेरिका की धरती से भेजा है। मुझे नासा और SpaceX टीम पर गर्व है, जिसने हमें इस क्षण को देखने का मौका दिया है। यह एक बहुत अलग तरह की फीलिंग है, जब आप अपनी टीम को इस रॉकेट पर देखते हैं। ये हमारी टीम है। यह लाँच अमेरिका है।’

न्यूज़ एजेंसी एएफपी के मुताबिक,राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प मिशन की लॉन्चिंग देखने के लिए फ्लोरिडा स्थित स्पेस सेंटर पहुंचे. बुधवार को जब पहली कोशिश की गई थी तब भी राष्ट्रपति ट्रंप वहां मौजूद थे.